दिल्ली में छात्र आंदोलन के समर्थन में हुए प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं की रिहाई के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया। कांग्रेस ने सरकार पर लोकतांत्रिक अधिकारों के दमन का आरोप लगाया, जबकि भाजपा ने विपक्ष पर छात्र आंदोलन का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया। संसद के भीतर भी इस मुद्दे पर तीखी बहस और हंगामा देखने को मिला।
राहुल गांधी ने कहा कि युवाओं की आवाज़ दबाई नहीं जा सकती और परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार की आवश्यकता है। वहीं सरकार ने दोहराया कि परीक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए आवश्यक सुधार किए जाएंगे।









